कामिनी और दिव्या – अनोखी दास्ताँ (पार्ट 3)
कमरा बंद होते ही सामने देखा तो दिव्या लाल साड़ी में घूंघट डाले बैठी थी, मैं उसके पास गया, सारा कमरा गुलाबों से महक रहा था, लेकिन दिव्या के पास गया तो उसमें से आ … >> पूरी कहानी पढ़ें
कमरा बंद होते ही सामने देखा तो दिव्या लाल साड़ी में घूंघट डाले बैठी थी, मैं उसके पास गया, सारा कमरा गुलाबों से महक रहा था, लेकिन दिव्या के पास गया तो उसमें से आ … >> पूरी कहानी पढ़ें